एशियन गेम्स में नीरू ढांडा ने रचा इतिहास, ट्रैप की व्यक्तिगत स्पर्धा में जीता स्वर्ण..
देश-विदेश: भारतीय निशानेबाजी के लिए एशियन गेम्स 2026 का दिन ऐतिहासिक रहा। नीरू ढांडा ने महिलाओं की ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। फाइनल में नीरू ने 30 में से 28 निशाने सटीक लगाए और प्रतियोगिता में नया एशियाई रिकॉर्ड भी कायम किया। इस जीत के साथ नीरू ढांडा महिला ट्रैप की व्यक्तिगत स्पर्धा में एशियन गेम्स पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला निशानेबाज बन गई हैं। चीन की सुन युनोंग ने 26 अंक के साथ रजत पदक हासिल किया, जबकि कुवैत की हजर अब्दुलमलिक ने कांस्य पदक अपने नाम किया।
28 हिट के साथ बनाया नया एशियाई रिकॉर्ड
नीरू के प्रदर्शन की सबसे बड़ी खासियत उनका 28 हिट का स्कोर रहा। उन्होंने फाइनल में बेहद सटीक निशाने लगाते हुए मुकाबले में बढ़त बनाए रखी। 28 अंक के साथ उन्होंने इस स्पर्धा का नया एशियाई रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया। नीरू ने पुराने रिकॉर्ड में चार अंकों का सुधार किया। इससे पहले महिला ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा में एशियाई रिकॉर्ड 24 हिट का था। इस तरह स्वर्ण पदक के साथ नीरू के नाम एक नया रिकॉर्ड भी दर्ज हो गया।
महिला ट्रैप में भारत का लंबा इंतजार खत्म
एशियन गेम्स में महिला ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा की शुरुआत 1990 के बीजिंग खेलों से हुई थी। इसके बाद कई एशियाई देशों के निशानेबाज इस स्पर्धा में पदक जीतते रहे, लेकिन भारत को इस व्यक्तिगत इवेंट में पदक के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। 2022 के हांगझोऊ एशियन गेम्स तक भी भारतीय निशानेबाज इस स्पर्धा में पोडियम तक नहीं पहुंच सके थे। अब नीरू ढांडा ने स्वर्ण पदक जीतकर इस इंतजार को खत्म कर दिया है। फाइनल मुकाबले में नीरू ने शुरुआत से ही सटीक निशाने लगाकर अपनी स्थिति मजबूत रखी। उन्होंने 30 में से 28 निशाने साधे। चीन की सुन युनोंग 26 हिट के साथ दूसरे स्थान पर रहीं। नीरू के प्रदर्शन ने उन्हें स्वर्ण पदक दिलाने के साथ ही रिकॉर्ड बुक में भी जगह दिला दी। उनकी इस उपलब्धि से भारतीय निशानेबाजी के खाते में एक और बड़ा अंतरराष्ट्रीय सम्मान जुड़ गया।
एशियन गेम्स में भारत के लिए खास उपलब्धि
नीरू ढांडा का यह स्वर्ण पदक इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह महिला ट्रैप की व्यक्तिगत स्पर्धा में भारत का पहला एशियन गेम्स पदक है। टीम और व्यक्तिगत स्पर्धाओं में भारतीय निशानेबाजों ने समय-समय पर शानदार प्रदर्शन किया है, लेकिन महिला ट्रैप के व्यक्तिगत इवेंट में पदक भारत के खाते में नहीं आया था। नीरू ने इस कमी को स्वर्ण पदक के साथ पूरा किया। उनका 28 हिट का प्रदर्शन इस उपलब्धि को और खास बनाता है।
एक प्रदर्शन में दो बड़ी उपलब्धियां
नीरू ढांडा ने एशियन गेम्स के फाइनल में 28 सटीक निशाने लगाकर एक साथ दो बड़ी उपलब्धियां हासिल कीं। उन्होंने महिला ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीता और इसी प्रदर्शन के साथ नया एशियाई रिकॉर्ड भी बनाया। भारतीय निशानेबाजी के लिए यह प्रदर्शन इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि इससे महिला ट्रैप की व्यक्तिगत स्पर्धा में देश का पदक का खाता खुला है। नीरू ढांडा अब एशियन गेम्स में इस उपलब्धि के साथ भारतीय शूटिंग के इतिहास में अपना नाम दर्ज करा चुकी हैं।
